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यह लिबरल आख़िर है कौन? Foundational Ideas of Liberalism.
लिबरलिस्म अर्थात स्वातंत्रवाद आज एक विस्फोटक शब्द हो गया है | लेकिन ये लिबरल होने का आख़िर मतलब क्या होता है? इस प्रश्न का उत्तर खोजते हुए हम फ्रेडरि…
7 years, 3 months ago
ज़िन्दगी की चाबी. Gene Editing.
कुछ ही महीनों पहले चीन के एक वैज्ञानिक ने जीनोम-एडिटिंग का उपयोग कर जुड़वां बच्चियाँ बनाकर पूरे जगत को हिला दिया | जीन एडिटिंग ने ‘कुदरत बनाम परवरिश’…
7 years, 3 months ago
ख़ुफ़िया बातें. Espionage, India Style.
जासूसी एक ऐसा पेशा है जिसके बारे में न सिर्फ हम कम जानते है बल्कि अक़्सर सरासर ग़लत भी जानते है | फिल्मों में इस पेशे को इस तरह दर्शाया जाता है कि इं…
7 years, 4 months ago
हमारी राजनीती आख़िर ऐसी क्यों है? What Matters for Indian Voters?
2019 मतदान क़रीब है और राजनीति की हवा किस दिशा में बह रही है, इस पर हर भारतीय का अपना एक मत तो ज़रूर है| अक़्सर लोग कहते हैं कि भारत में राजनीति विचा…
7 years, 4 months ago
बुंदेलखंड से उठती खबरों की एक लहर. A Bundelkhandi Women-run Media Network.
इस बार की पुलियाबाज़ी भारत के एकमात्र ग्रामीण, नारीवादी न्यूज़ चैनल - ख़बर लहरिया - के साथ | २००२ में स्थापित हुआ यह नेटवर्क अपनी बेबाक रिपोर्टिंग के…
7 years, 5 months ago
IL&FS से DHFL तक - क्यों लड़खड़ा रहे हैं NBFC? IL&FS to DHFL - Why NBFC is fluctuating
भारत में तक़रीबन 90 बैंक है पर 10000 ग़ैर-बैंकिंग वित्तीय कम्पनियाँ (NBFC) हैं जबकि दोनों संस्थाओं का एक ही रोल है - किफ़ायती क़र्ज़ उपलब्ध करा पाना …
7 years, 5 months ago
स्वतंत्र भारत में मतदान की कहानियाँ. How India Conducts Elections
2019 के लोकसभा चुनाव नज़दीक आ रहे है | अगले कुछ महीनों में हर नुक्कड़-गली में “कौन बनेगा प्रधानमंत्री” इसी विषय पर वाद-विवाद होगा | तो पुलियाबाज़ी मे…
7 years, 6 months ago
लश्कर-ए- तय्यबा: कब, क्यूँ और कैसे. Lashkar-e-Tayyaba: Origins and Motives.
26 नवंबर 2008, मुंबई की दर्दनाक तस्वीरें आज भी दिल दहला देती हैं | इस हमले को अंजाम दिया था पाकिस्तान सेना के पसंदीदा आतंकवादी गुट - लश्कर-ए-तैयबा ने…
7 years, 6 months ago
अम्बेडकर के जातिप्रथा पर विचार : भाग २. Ambedkar on Caste Part 2
पूरे भारत ने अपना सत्तरवाँ गणतंत्र दिवस पिछले हफ़्ते मनाया और अंबेडकर के योगदान को फिर एक बार याद किया | पर अंबेडकर साहब जैसे बुद्धिजीवी को सम्मान दे…
7 years, 6 months ago
अम्बेडकर के जातिप्रथा पर विचार: भाग १. Ambedkar on Caste Part 1
गणतंत्र दिवस के अवसर पर हम भीमराव अम्बेडकर के योगदान को अक़्सर सलामी देते हैं | पर अम्बेडकर साहब जैसे बुद्धिजीवी को सम्मान देने का शायद सबसे प्रभावशा…
7 years, 7 months ago